धमतरी में अनोखा मामला: सांड को लेकर थाने पहुंचे ग्रामीण, एफआईआर दर्ज करने पर अड़े

धमतरी में अनोखा मामला: सांड को लेकर थाने पहुंचे ग्रामीण, एफआईआर दर्ज करने पर अड़े
 तमाशा देख पुलिस भी रह गई हैरान
धमतरी: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से एक अजीबोगरीब और हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां पुलिस थाने का नजारा अचानक कौतूहल का केंद्र बन गया। लगातार हो रहे नुकसान और उपद्रव से परेशान आक्रोशित ग्रामीण एक सांड को रस्सी से बांधकर सीधे थाने ले पहुंचे। ग्रामीणों ने थाने परिसर के भीतर सांड को खड़ा कर दिया और उसके मालिक तथा प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए तत्काल एफआईआर (FIR) दर्ज करने की मांग पर अड़ गए। थाने के सामने सांड को बंधा देख पुलिसकर्मी भी दंग रह गए और कुछ देर के लिए परिसर में असमंजस का माहौल बन गया।

सांड के हमलों और फसल नुकसान से तंग आ चुके थे ग्रामीण

प्राप्त जानकारी के अनुसार, क्षेत्र में लंबे समय से आवारा और छुट्टा घूम रहे सांड का आतंक बना हुआ था। यह सांड न केवल राहगीरों और ग्रामीणों पर हमला कर उन्हें घायल कर रहा था, बल्कि आसपास के खेतों में घुसकर फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहा था। ग्रामीणों का आरोप है कि सांड के मालिक को कई बार इसकी जानकारी दी गई और मवेशी को बांधकर रखने का आग्रह किया गया, लेकिन उसने ग्रामीणों की बातों को अनसुना कर दिया। मालिक की लापरवाही से तंग आकर आखिरकार ग्रामीणों ने एकजुट होकर सांड को पकड़ने की योजना बनाई।

थाने में मची खलबली, सांड को बांधकर दर्ज कराई शिकायत

आक्रोशित ग्रामीण सांड को काबू में कर रस्सी के सहारे घसीटते हुए थाने ले आए। थाने के मुंशी और अधिकारियों के कमरे के बाहर जब ग्रामीणों ने सांड को लाकर खड़ा किया, तो वहां मौजूद पुलिसकर्मियों के होश उड़ गए। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक सांड के मालिक के खिलाफ लापरवाही और सार्वजनिक सुरक्षा को खतरे में डालने का आपराधिक मामला दर्ज नहीं किया जाता, तब तक वे सांड को थाने से वापस नहीं ले जाएंगे। ग्रामीणों का यह अनोखा विरोध प्रदर्शन देखने के लिए थाने के बाहर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई।

पुलिस की समझाइश और गौशाला भेजने के आश्वासन पर शांत हुआ मामला

थाना परिसर में बनी तनावपूर्ण और हास्यास्पद स्थिति को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मोर्चा संभाला। पुलिस टीम ने आक्रोशित ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया और उनकी लिखित शिकायत दर्ज की। इसके साथ ही पुलिस ने तुरंत नगर निगम व स्थानीय प्रशासन की टीम से संपर्क कर सांड को सुरक्षित कांजी हाउस या गौशाला भेजने का प्रबंध कराया। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि मवेशी के मालिक को तलब कर उसके खिलाफ नियमानुसार कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी, जिसके बाद ग्रामीण शांत हुए।