डोंगरगढ़/राजनांदगांव: क्षेत्र में अवैध शराब के निर्माण, बिक्री और तस्करी पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के उद्देश्य से पुलिस प्रशासन ने डोंगरगढ़ और मोहरा क्षेत्र में एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस को पिछले कुछ समय से इन इलाकों में चोरी-छिपे कच्ची व महुआ शराब का अवैध कारोबार संचालित होने की शिकायतें मिल रही थीं। सूचना के आधार पर पुलिस की विशेष टीम ने चिन्हित ठिकानों पर योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी करते हुए भारी मात्रा में अवैध शराब जब्त की है और इस कारोबार में लिप्त आरोपियों को गिरफ्तार कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस की विशेष टीम ने दी दबिश
क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने और गैरकानूनी गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में इस विशेष अभियान को चलाया गया। डोंगरगढ़ एवं मोहरा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले संदिग्ध ठिकानों और ग्रामीण इलाकों में पुलिस बल ने एक साथ दबिश दी। पुलिस की इस अचानक हुई कार्रवाई से अवैध शराब का धंधा करने वाले कोचियों और असामाजिक तत्वों में हड़कंप मच गया। भागने की कोशिश कर रहे आरोपियों को पुलिस की टीम ने घेराबंदी कर मौके पर ही दबोच लिया।
भारी मात्रा में शराब बरामद, महुआ लाहन को मौके पर किया गया नष्ट
तलाशी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में बनी हुई महुआ शराब और देशी-विदेशी शराब की बोतलें जब्त की हैं। इसके साथ ही, अवैध शराब तैयार करने के इरादे से ड्रमों और मटकों में छुपाकर रखे गए सैकड़ों लीटर महुआ लाहन को पुलिस ने मौके पर ही बहाकर नष्ट कर दिया। पुलिस ने शराब बनाने और नापने में इस्तेमाल किए जाने वाले बर्तनों व अन्य सामग्री को भी साक्ष्य के रूप में जब्त कर लिया है।
आबकारी अधिनियम के तहत अपराध दर्ज, पुलिस की सख्त चेतावनी
पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अवैध शराब के कारण ग्रामीण क्षेत्रों का माहौल प्रभावित होता है और अपराधों को बढ़ावा मिलता है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि डोंगरगढ़, मोहरा और आसपास के क्षेत्रों में अवैध शराब या किसी भी प्रकार के नशे का कारोबार करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह का सख्त रुख बरकरार रहेगा।