27 सितंबर पंचांग: आश्विन कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि और पितृ पक्ष का पहला श्राद्ध, जानें शुभ मुहूर्त व राहुकाल

27 सितंबर पंचांग: आश्विन कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि और पितृ पक्ष का पहला श्राद्ध, जानें शुभ मुहूर्त व राहुकाल
नई दिल्ली: 27 सितंबर 2026, रविवार को विक्रम संवत 2083 और शक संवत 1948 के अनुसार आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि है। आज से सनातन परंपरा में 16 दिनों तक चलने वाले 'पितृ पक्ष' (श्राद्ध पक्ष) का औपचारिक आरंभ हो रहा है। आज का दिन प्रतिपदा श्राद्ध के लिए समर्पित है, जिसमें पूर्वजों और पित्रों के निमित्त तर्पण, पिंड दान और ब्राह्मण भोज कराने का विशेष धार्मिक महत्व है। पंचांग के अनुसार, आज उत्तरभाद्रपद नक्षत्र के साथ ध्रुव योग का संयोग बन रहा है, जो धार्मिक और पितृ तर्पण कार्यों के लिए अति शुभ माना गया है।

रविवार का दिन भगवान सूर्य देव की उपासना के साथ-साथ पितरों की कृपा प्राप्त करने के लिए अत्यंत फलदायी होता है। आज के शुभ समय की बात करें तो अभिजीत मुहूर्त दोपहर 11:48 बजे से 12:36 बजे तक रहेगा। किसी भी प्रकार के पितृ कार्य या धार्मिक अनुष्ठान के लिए यह समय सर्वश्रेष्ठ माना जाता है। वहीं, शुभ कार्यों में विघ्न से बचने के लिए राहुकाल का ध्यान रखना आवश्यक है; आज का राहुकाल शाम 04:30 बजे से 06:00 बजे तक रहेगा, जिसके दौरान कोई भी नया या मांगलिक कार्य शुरू करने से बचना चाहिए।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पितृ पक्ष के दौरान प्रतिपदा तिथि पर पितरों का तर्पण करने से परिवार में सुख, शांति और समृद्धि का वास होता है। आज सूर्योदय के समय सूर्य देव को अर्घ्य देकर पितरों के नाम से जल, तिल और कुश अर्पित करने से पितृ दोष शांत होता है और पूर्वजों का आशीर्वाद प्राप्त होता है।