छत्तीसगढ़ के सक्ती में प्रेमिका की हत्या कराने 4 लाख की थी सुपारी : पत्नी के साथ मिलकर प्रेमी ने रची थी साजिश,9 आरोपी गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ के सक्ती में प्रेमिका की हत्या कराने 4 लाख की थी सुपारी : पत्नी के साथ मिलकर प्रेमी ने रची थी साजिश,9 आरोपी गिरफ्तार

मोबाइल डंप, CDR और CCTV से खुला राज; झारखंड, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ से हुई गिरफ्तारी, हथियार व नकदी बरामद

सक्ती। सक्ती जिले के बहुचर्चित पूर्णिमा चौहान हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि प्रेम प्रसंग के चलते युवती की हत्या 4 लाख रुपए की सुपारी देकर कराई गई थी। इस मामले में हत्या की साजिश रचने वाले पति-पत्नी समेत कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों को झारखंड, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ के अलग-अलग स्थानों से पकड़ा गया। इनके कब्जे से हत्या में प्रयुक्त पिस्तौल, चार जिंदा कारतूस, बाइक, मोबाइल फोन, बैंक पासबुक और सुपारी की बची हुई नकदी बरामद की गई है।
पुलिस ने सभी नौ आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार, 26 जून की रात ग्राम जोंगरा निवासी पूर्णिमा चौहान उर्फ पूनम की घर के बाहर दो नकाबपोश बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। सनसनीखेज वारदात के बाद पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग और पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर के निर्देशन में विशेष जांच दल (SIT) गठित किया गया। टीम ने चार दिनों तक मोबाइल टावर डंप, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण कर पूरे हत्याकांड की गुत्थी सुलझा ली।

प्रेम संबंध बना हत्या की वजह

जांच में पता चला कि मृतका पूर्णिमा चौहान का रायगढ़ जिले के देल्लारी निवासी मुरलीशंकर चौहान से प्रेम संबंध था। इस रिश्ते को लेकर मुरलीशंकर और उसकी पत्नी चम्पा चौहान के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। बाद में मुरलीशंकर ने पत्नी के कहने पर पूर्णिमा से दूरी बना ली, लेकिन पूर्णिमा लगातार उस पर शादी का दबाव बना रही थी। इससे परेशान होकर मुरलीशंकर और उसकी पत्नी ने पूर्णिमा की हत्या की साजिश रची।

*4 लाख में हुआ मौत का सौदा*

पुलिस के मुताबिक, दंपती ने राजेन्द्र महंत को 4 लाख रुपए की सुपारी देकर हत्या कराने का सौदा किया। राजेन्द्र ने अपने साथियों के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई। घटना वाले दिन गौरीशंकर सिदार और सुनील महंत बाइक से जोंगरा पहुंचे। घर के बाहर मिलते ही गौरीशंकर ने पिस्तौल से पूर्णिमा पर ताबड़तोड़ तीन गोलियां दाग दीं और दोनों मौके से फरार हो गए। वारदात के बाद सुपारी की तय रकम में से 2 लाख रुपए आरोपियों को दे दिए गए।

तीन राज्यों में दबिश, 9 आरोपी गिरफ्तार

तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने राजेन्द्र महंत को जमशेदपुर (झारखंड), जबकि गौरीशंकर सिदार और सुनील महंत को पुणे (महाराष्ट्र) से गिरफ्तार किया। इसके बाद अन्य आरोपियों को छत्तीसगढ़ के विभिन्न स्थानों से पकड़ लिया गया। पूछताछ में सभी आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया।

ये सामान बरामद

हत्या में प्रयुक्त पिस्तौल

चार जिंदा कारतूस

घटना में इस्तेमाल मोटरसाइकिल

मोबाइल फोन

बैंक पासबुक

सुपारी की राशि में से बची नकदी