CG weather : कागजों पर आया मानसून, जमीन पर गायब हैं बदरा; भीषण गर्मी और उमस से बेहाल राजधानी रायपुर

CG weather : कागजों पर आया मानसून, जमीन पर गायब हैं बदरा; भीषण गर्मी और उमस से बेहाल राजधानी रायपुर

रायपुर। छत्तीसगढ़ वासियों के लिए इस साल मानसून का इंतजार किसी कड़ी परीक्षा से कम नहीं साबित हो रहा है। मौसम विभाग ने आधिकारिक तौर पर प्रदेश में मानसून के आगमन की घोषणा तो कर दी है, लेकिन आसमान से राहत की बूंदें अभी भी पूरी तरह नदारद हैं। स्थिति यह है कि झमाझम बारिश की उम्मीद लगाए बैठे राजधानी रायपुर के लोग इस समय जून के आखिरी हफ्ते की झुलसाने वाली गर्मी और चिपचिपी उमस से बुरी तरह त्रस्त हैं। ठंडी फुहारों की जगह बादलों की लुकाछिपी और पसीने छुड़ाने वाली गर्मी ने आम जनजीवन को बेहाल कर दिया है, जिससे लोगों को इस मौसम में भी मई जैसी तपन का अहसास हो रहा है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, मानसून की हवाओं ने छत्तीसगढ़ की सीमा में प्रवेश तो कर लिया है, लेकिन आगे बढ़ने और बादलों को बरसाने के लिए जिस मजबूत वेदर सिस्टम की जरूरत होती है, वह फिलहाल एक्टिव नहीं हो पाया है। बंगाल की खाड़ी में किसी कम दबाव का क्षेत्र (लो-प्रेशर एरिया) न बनने के कारण मानसून एक बेहद कमजोर फेज में चला गया है। हालांकि हवाओं में नमी मौजूद है जिससे आसमान में बादल तो छा रहे हैं, लेकिन वे बरसने में नाकाम साबित हो रहे हैं। यही नमी जब दोपहर की तेज धूप के संपर्क में आती है, तो जानलेवा उमस का रूप ले लेती है, जिससे लोगों का हाल बेहाल है।

इस चिपचिपी गर्मी और बढ़ते पसीने के कारण रायपुर और आस-पास के मैदानी इलाकों में लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अमूमन मानसून आने के बाद जहां तापमान गिरकर 30 से 32 डिग्री तक आ जाता है, वहीं इस बार पारा अभी भी 38 से 40 डिग्री के आसपास बना हुआ है। इसके साथ ही हवा में 80 से 90 प्रतिशत तक की उमस दर्ज की जा रही है, जिसके चलते घरों और दफ्तरों में कूलर और एसी चौबीसों घंटे चलाने पड़ रहे हैं। ठंडी मानसूनी हवाओं का इंतजार कर रहे रायपुर वासियों के लिए यह समय मौसम के दोहरे टॉर्चर जैसा साबित हो रहा है।

मौसम केंद्र रायपुर के विशेषज्ञों के मुताबिक, इस उमस भरे माहौल से राहत पाने के लिए अभी थोड़ा और इंतजार करना होगा, लेकिन राहत की बात यह है कि बंगाल की खाड़ी में एक नया चक्रवातीय सिस्टम धीरे-धीरे आकार ले रहा है। इसके अगले 3 से 4 दिनों में मजबूत होने की पूरी संभावना है, जिसके सक्रिय होते ही मानसूनी हवाओं की रफ्तार बढ़ेगी और रायपुर सहित पूरे प्रदेश में झमाझम बारिश का दौर शुरू हो जाएगा। तब तक के लिए डॉक्टरों ने लोगों को डिहाइड्रेशन (शरीर में पानी की कमी) से बचने के लिए लगातार नींबू पानी, ओआरएस या नारियल पानी का सेवन करने और हल्के सूती कपड़े पहनने की सलाह दी है।