'मिर्जापुर' के फैंस को बड़ा झटका: सेंसर बोर्ड ने चलाया कैंची, काटा 35 सेकंड का सीन

'मिर्जापुर' के फैंस को बड़ा झटका: सेंसर बोर्ड ने चलाया कैंची, काटा 35 सेकंड का सीन
मुंबई: लोकप्रिय फ्रैंचाइजी 'मिर्जापुर' (Mirzapur) के प्रशंसकों के लिए एक निराशाजनक खबर सामने आई है। केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC / सेंसर बोर्ड) ने 'मिर्जापुर' के विजुअल कंटेंट की समीक्षा के बाद एक 35 सेकंड के दृश्य पर आपत्ति जताते हुए उस पर कैंची चला दी है। सेंसर बोर्ड के इस फैसले के बाद निर्माताओं को संबंधित सीन में बदलाव करना पड़ा है।

सेंसर बोर्ड ने क्यों चलाया कट?

प्राप्त जानकारी के अनुसार, सेंसर बोर्ड की जांच समिति ने पाया कि संबंधित 35 सेकंड के सीन में अत्यधिक हिंसा, आपत्तिजनक भाषा या दृश्य शामिल थे, जो प्रसारण के तय मानकों के अनुकूल नहीं थे। बोर्ड ने दर्शकों की संवेदनशीलता और नियमों का हवाला देते हुए मेकर्स को इस दृश्य को हटाने या संशोधित करने का निर्देश दिया, जिसे निर्माताओं ने स्वीकार कर लिया है।

डार्क और हिंसक कंटेंट के लिए जानी जाती है सीरीज

'मिर्जापुर' अपनी शुरुआत से ही अपने रोबदार किरदारों, तीखे संवादों और पूर्वांचल की पृष्ठभूमि पर आधारित क्राइम ड्रामा के लिए मशहूर रही है। कालीन भैया, गुड्डू पंडित और मुन्ना भैया जैसे किरदारों ने दर्शकों के बीच जबरदस्त लोकप्रियता हासिल की है। हालांकि, पिछले कुछ समय से ओटीटी और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के कंटेंट को लेकर कड़े होते नियमों के चलते सेंसर बोर्ड लगातार सख्त रवैया अपना रहा है।

मामले से जुड़े मुख्य बिंदु

  • 35 सेकंड का कट: सेंसर बोर्ड ने समीक्षा के दौरान आपत्तिजनक पाए गए दृश्य को हटाने का आदेश दिया।
  • निर्माताओं का रुख: मेकर्स ने बोर्ड के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए कट को स्वीकार किया ताकि आगे का प्रमाणन मिल सके।
  • फैंस की प्रतिक्रिया: सोशल मीडिया पर 'मिर्जापुर' के प्रशंसक सेंसर बोर्ड के इस फैसले पर मिली-जुली प्रतिक्रिया दे रहे हैं; कई फैंस का मानना है कि ऐसे सीन सीरीज के रॉ (Raw) फ्लेवर का हिस्सा होते हैं।