नौकरी के झांसे से शुरू हुआ खौफनाक खेल, नाबालिग को बेचा, जबरन शादी और फिर देह व्यापार में धकेला

नौकरी के झांसे से शुरू हुआ खौफनाक खेल, नाबालिग को बेचा, जबरन शादी और फिर देह व्यापार में धकेला

रायगढ़। जिले में पुलिस ने एक ऐसे संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो मासूम लड़कियों को नौकरी का लालच देकर उनके साथ सौदेबाजी करता था। इस मामले में एक 17 वर्षीय नाबालिग को पहले बहला-फुसलाकर घर से दूर ले जाया गया, फिर उसे डेढ़ लाख रुपये में बेच दिया गया और जबरन शादी करा दी गई।

एक गलती और जिंदगी बदल गई
पीड़िता ने बताया कि घर में डांट-फटकार से परेशान होकर वह एक दिन गांव के मैदान में बैठी थी। इसी दौरान उसकी एक परिचित लड़की ने उसे काम दिलाने का भरोसा दिया। भरोसा करना उसकी सबसे बड़ी गलती साबित हुआ। रायगढ़ पहुंचते ही उसे सीधे एक सक्रिय गिरोह के हवाले कर दिया गया, जहां पहले से ही कई लोग इस अवैध धंधे में शामिल थे।

पैसों के लिए शादी, फिर शोषण
गिरोह ने बिना समय गंवाए उसे मध्यप्रदेश के सागर जिले ले जाकर एक व्यक्ति को बेच दिया। मंदिर में पैसों का लेन-देन हुआ और उसी जगह उसकी जबरन शादी करा दी गई। इसके बाद आरोपी ने उसके साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए। यह शोषण तब तक चलता रहा, जब तक पीड़िता को वहां से भागने का मौका नहीं मिल गया।

भागकर लौटी, लेकिन फंसती चली गई
पीड़िता किसी तरह सागर से भागकर ट्रेन के जरिए रायगढ़ वापस पहुंची। लेकिन डर के कारण वह अपने घर नहीं गई। इसी कमजोरी का फायदा उठाकर गिरोह की एक महिला ने उसे फिर अपने जाल में फंसा लिया। इस बार उसे सीधे देह व्यापार में धकेल दिया गया, जहां उसे अलग-अलग लोगों के पास भेजा जाता और उसके बदले पैसे वसूले जाते।

पुलिस का एक्शन, 5 आरोपी गिरफ्तार
आखिरकार 11 अप्रैल 2026 को पीड़िता ने हिम्मत दिखाते हुए शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद रायगढ़ पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए पूरे नेटवर्क का भंडाफोड़ किया। मामले में मध्यप्रदेश के छतरपुर क्षेत्र से चार दलालों और एक खरीदार को गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपियों के खिलाफ अपहरण, दुष्कर्म, मानव तस्करी और पॉक्सो एक्ट के तहत गंभीर धाराएं लगाई गई हैं।