छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता: पुलिस ने बरामद किया नक्सलियों का बड़ा कैच

छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता: पुलिस ने बरामद किया नक्सलियों का बड़ा कैच
AK-47 राइफलें और भारी मात्रा में कारतूस जब्त
रायपुर: प्रदेश के नक्सल प्रभावित इलाके में चलाए जा रहे सघन तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने नक्सलियों के खिलाफ एक और बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस और सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम ने नक्सलियों के एक गुप्त ठिकाने पर दबिश देकर AK-47 राइफलें, अत्याधुनिक हथियार और भारी मात्रा में जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। जवानों की इस मुस्तैद और प्रभावी कार्रवाई से माओवादियों द्वारा किसी बड़ी हिंसक वारदात को अंजाम देने की साजिश पूरी तरह नाकाम हो गई है।

खुफिया सूचना के आधार पर चला सर्च ऑपरेशन, मिला नक्सलियों का गुप्त ठिकाना

पुलिस प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुरक्षा बलों को गुप्त सूचना मिली थी कि नक्सली संगठन किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के मकसद से जंगल के अंदरूनी हिस्से में हथियारों और गोला-बारूद का जखीरा जमा कर रहे हैं। सूचना की पुष्टि होते ही जिला बल, डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (DRG) और केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की संयुक्त टीम का गठन कर संबंधित इलाके में सर्चिंग के लिए रवाना किया गया। जवानों ने जब घने जंगलों और पहाड़ियों को घेरकर गहन छानबीन शुरू की, तो एक प्राकृतिक गुफा और झाड़ियों के बीच छिपाया गया नक्सलियों का डंप बरामद हुआ।

AK-47 राइफलें, मैगजीन और सैकड़ों राउंड जिंदा कारतूस जब्त

सुरक्षा बलों द्वारा ठिकाने की बारीकी से तलाशी लिए जाने पर वहां से AK-47 राइफलें, अन्य स्वदेशी व ऑटोमैटिक हथियार, भारी मात्रा में मैगजीन और सैकड़ों की संख्या में जिंदा कारतूस मिले। इसके अतिरिक्त मौके से विस्फोटक सामग्री, इलेक्ट्रिक डिटोनेटर, वॉकी-टॉकी सेट, नक्सली वर्दी, पिट्ठू बैग और अन्य राशन सामग्री भी जब्त की गई है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि नक्सली दस्ता सुरक्षा बलों की गश्ती टीमों या किसी बड़े सरकारी प्रतिष्ठान को निशाना बनाने के इरादे से यह असलहा एकत्र कर रहा था।

इलाके में सघन सर्चिंग जारी, नक्सलियों का नेटवर्क ध्वस्त करने में जुटे जवान

हथियारों और विस्फोटक का विशाल जखीरा बरामद होने के बाद सुरक्षा बलों ने आसपास के पूरे जंगली क्षेत्र की घेराबंदी कर अतिरिक्त टुकड़ियों को तैनात कर दिया है। क्षेत्र में छिपे अन्य संभावित ठिकानों और नक्सलियों की मौजूदगी का पता लगाने के लिए कॉम्बिंग ऑपरेशन और तेज कर दिया गया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि बस्तर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बलों की लगातार बढ़त और अंदरूनी क्षेत्रों में कैंप स्थापित होने से माओवादी संगठन बैकफुट पर हैं। क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित करने और नक्सलियों के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने तक यह अभियान लगातार जारी रहेगा।