प्रदेश में पेट्रोल-डीजल और गैस सिलेंडर की किल्लत नहीं

प्रदेश में पेट्रोल-डीजल और गैस सिलेंडर की किल्लत नहीं

कालाबाजारी करने वाले सौ से अधिक पर एफआईआर

रायपुर। पश्चिम एशिया संकट के बाद से राज्य सरकार प्रदेश में ईंधन की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय, भारत सरकार के लगातार संपर्क में है। केंद्र सरकार द्वारा एलपीजी, पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता की नियमित समीक्षा की जा रही है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश में इन सभी ईंधनों का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और आम लोगों को किसी तरह की अफवाह या भ्रम में आने की जरूरत नहीं है।

प्रमुख सचिव कृषि विभाग शहला निगार, संचालक खाद्य एवं आपूर्ति डॉ. फरिहा आलम सिद्दीकी और ऑयल कंपनियों के अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में 63.59 लाख घरेलू एलपीजी उपभोक्ता हैं। इनकी जरूरतों को पूरा करने के लिए मार्च और वर्तमान अप्रैल में मांग के अनुसार एलपीजी की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। राज्य के सभी चार एलपीजी बॉटलिंग प्लांट में पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।

उन्होंने बताया कि मार्च के दूसरे सप्ताह में भ्रम और अफवाह के कारण औसत दैनिक बुकिंग संख्या 74,000 से बढक़र 1,30,000 तक हो गई थी, जो वर्तमान में घटकर औसतन 64,000 रह गई है। प्रदेश में संचालित 2485 पेट्रोल-डीजल पंपों तथा तीनों ऑयल कंपनियों के डिपो में पर्याप्त मात्रा में पेट्रोल और डीजल का स्टॉक उपलब्ध है। प्रदेश में एलपीजी, पेट्रोल और डीजल की जमाखोरी एवं कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए अब तक 419 छापों में 3946 सिलेंडर जब्त किए गए हैं तथा 105 व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।