पंचांग 13 मार्च : दशमी तिथि का संयोग,जानें शुभ , राहुकाल और आज के विशेष योग
नई दिल्ली: आज 13 मार्च 2026, शुक्रवार का दिन है। हिंदू पंचांग के अनुसार, आज फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की दशमी तिथि है। शुक्रवार का दिन धन और ऐश्वर्य की देवी मां लक्ष्मी को समर्पित होता है। आज के दिन की गई लक्ष्मी उपासना से सुख-समृद्धि और आर्थिक स्थिरता प्राप्त होती है।
पंचांग के माध्यम से जानें आज के सूर्योदय, सूर्यास्त और शुभ-अशुभ समय का पूरा सटीक विवरण:
आज का पंचांग: मुख्य विवरण (13 मार्च 2026)
-
तिथि: दशमी (कृष्ण पक्ष) - रात 12:44 AM तक (14 मार्च), उसके बाद एकादशी तिथि प्रारंभ।
-
दिन: शुक्रवार (Friday)
-
मास: फाल्गुन
-
नक्षत्र: पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र - रात 10:14 PM तक, उसके बाद उत्तराषाढ़ा नक्षत्र।
-
करण: वणिज - सुबह 11:47 AM तक, उसके बाद विष्टि (भद्रा)।
-
योग: व्यतीपात योग - सुबह 10:48 AM तक, उसके बाद वरियान योग।
सूर्योदय, सूर्यास्त और चंद्रोदय
-
सूर्योदय: सुबह 06:34 AM
-
सूर्यास्त: शाम 06:27 PM
-
चंद्रोदय: रात्रि 03:09 AM (14 मार्च)
-
चंद्रास्त: दोपहर 12:02 PM
-
चंद्र राशि: धनु (पूरा दिन-रात)
आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
शुभ कार्यों और नई शुरुआत के लिए आज के श्रेष्ठ समय:
-
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:06 PM से 12:54 PM तक।
-
विजय मुहूर्त: दोपहर 02:29 PM से 03:17 PM तक।
-
अमृत काल: शाम 05:27 PM से 07:14 PM तक।
-
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:56 AM से 05:45 AM तक।
अशुभ समय: राहुकाल और वर्ज्य (Inauspicious Timings)
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस समय के दौरान महत्वपूर्ण कार्यों से बचना चाहिए:
-
राहुकाल: सुबह 11:01 AM से दोपहर 12:30 PM तक।
-
यमगण्ड: दोपहर 03:29 PM से 04:58 PM तक।
-
गुलिक काल: सुबह 08:03 AM से 09:32 AM तक।
-
भद्रा (विष्टि): सुबह 11:47 AM से रात 12:44 AM (14 मार्च) तक।
आज का विशेष योग और उपाय
आज चंद्रमा धनु राशि में बना रहेगा और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र का प्रभाव रहेगा, जिसका स्वामी शुक्र है।
-
विशेष उपाय: आज शुक्रवार है, इसलिए मां लक्ष्मी को गुलाब का फूल या सफेद मिठाई अर्पित करें। कनकधारा स्तोत्र का पाठ करना आर्थिक बाधाओं को दूर करने में बहुत प्रभावी माना जाता है।
-
दिशाशूल: शुक्रवार को पश्चिम दिशा में यात्रा करना वर्जित माना जाता है। यदि यात्रा बहुत आवश्यक हो, तो घर से दही या जौ खाकर निकलें।

admin 




