पंचांग 3 मार्च : मंगलवार को 'फाल्गुन पूर्णिमा' और होलिका दहन का शुभ संयोग, जानें मुहूर्त और राहुकाल
नई दिल्ली। हिंदू कैलेंडर के अनुसार, 3 मार्च 2026, मंगलवार का दिन वर्ष के सबसे महत्वपूर्ण दिनों में से एक है। आज फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि है। आज ही के दिन देशभर में होलिका दहन का पर्व मनाया जाएगा। मंगलवार का दिन होने के कारण आज हनुमान जी की विशेष पूजा और मंगल ग्रह की शांति के उपाय भी फलदायी रहेंगे।
आज का दिन बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक 'होलिका दहन' के लिए समर्पित है, साथ ही यह चैत्र मास की शुरुआत का संकेत भी देता है।
आज का पंचांग विवरण (3 March 2026)
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तिथि: फाल्गुन मास, शुक्ल पक्ष, पूर्णिमा (रात तक)।
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वार: मंगलवार।
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संवत्: विक्रम संवत् 2082 (नल)।
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नक्षत्र: आज मघा नक्षत्र का प्रभाव रहेगा, जो पितरों का नक्षत्र माना जाता है।
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योग: आज धृति योग का निर्माण हो रहा है, जो कार्यों में सफलता और स्थिरता प्रदान करता है।
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करण: विष्टि (भद्रा) और बव।
सूर्य और चंद्रोदय का समय
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सूर्योदय: सुबह 06:44 AM
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सूर्यास्त: शाम 06:22 PM
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चंद्रोदय: शाम 06:15 PM
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चंद्रास्त: सुबह 06:58 AM (4 मार्च)
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चंद्र राशि: सिंह (चंद्रमा आज पूरे दिन सूर्य की राशि सिंह में रहेंगे)।
शुभ और अशुभ मुहूर्त (Auspicious & Inauspicious Timings)
मंगलवार के दिन राहुकाल के दौरान किसी भी मांगलिक कार्य या होलिका दहन की पूजा शुरू करने से बचना चाहिए।
| मुहूर्त प्रकार | समय |
| अभिजीत मुहूर्त (सर्वश्रेष्ठ) | दोपहर 12:10 PM से 12:57 PM तक |
| होलिका दहन मुहूर्त | शाम 06:22 PM से रात 08:45 PM तक |
| ब्रह्म मुहूर्त | सुबह 05:05 AM से 05:54 AM तक |
| राहुकाल (वर्जित समय) | दोपहर 03:28 PM से शाम 04:55 PM तक |
| यमगण्ड | सुबह 09:39 AM से 11:06 AM तक |
| गुलिक काल | दोपहर 12:33 PM से 02:00 PM तक |
आज का विशेष महत्व: होलिका दहन और पूर्णिमा
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होलिका दहन: आज सूर्यास्त के बाद भद्रा रहित काल में होलिका दहन किया जाएगा। मान्यता है कि होलिका की अग्नि में अहंकार और नकारात्मकता को होम करने से जीवन में सुख-शांति आती है।
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माघ/फाल्गुन स्नान: आज पूर्णिमा होने के कारण पवित्र नदियों में स्नान और दान का विशेष महत्व है।
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हनुमान पूजा: मंगलवार का दिन होने से आज बजरंगबली को सिंदूर चढ़ाना और सुंदरकांड का पाठ करना विशेष लाभ देता है।
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भद्रा का विचार: आज दोपहर तक भद्रा का साया रह सकता है, इसलिए होलिका दहन का मुहूर्त शाम को सूर्यास्त के बाद ही श्रेष्ठ रहेगा।
आज का मंत्र
होलिका दहन की पूजा के समय "ॐ होलिकाच्यै नमः" और "ॐ नृसिंहाय नमः" मंत्र का जाप करना संकटों से मुक्ति दिलाता है।

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